मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना में
Material Science and Engineering · National Institute of Technology Patna
2026 की JoSAA काउंसलिंग में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना का मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग प्रोग्राम OPEN श्रेणी (जेंडर-न्यूट्रल, अन्य-राज्य कोटा) के लिए रैंक 53,805 पर बंद हुआ। तीन साल पहले की तुलना में क्लोज़िंग रैंक 9,909 स्थान आसान हुई है।
क्लोज़िंग रैंक का रुझान · मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग
हर साल का आख़िरी राउंड · OPEN श्रेणी · जेंडर-न्यूट्रल · अन्य-राज्य कोटा।
| वर्ष | ओपनिंग | क्लोज़िंग | बदलाव |
|---|---|---|---|
| 2022 | 47,468 | 47,468 | — |
| 2023 | 43,896 | 43,896 | ↓ 3,572 (कठिन) |
| 2024 | 37,241 | 37,241 | ↓ 6,655 (कठिन) |
| 2025 | 36,849 | 38,018 | ↑ +777 (आसान) |
| 2026 | 53,237 | 53,805 | ↑ +15,787 (आसान) |
श्रेणी × जेंडर के अनुसार क्लोज़िंग रैंक · 2026
राउंड 5 · अन्य-राज्य कोटा। कम रैंक = दाख़िला उतना ही मुश्किल।
| श्रेणी | जेंडर-न्यूट्रल पूल | महिला पूल |
|---|---|---|
| OPEN | 53,805 | 47,662 |
| OBC-NCL | 17,742 | — |
| SC | 6,702 | 10,599 |
| ST | 3,678 | — |
| EWS | 8,276 | — |
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना में मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग का JEE कटऑफ़ क्या है?
JoSAA 2026 में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना के मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग की क्लोज़िंग रैंक (OPEN, जेंडर-न्यूट्रल, अन्य-राज्य कोटा) 53,805 थी। ओपनिंग रैंक 53,237 थी।
क्या राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना में मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग का कटऑफ़ पिछले सालों में बदला है?
हाँ — पिछले तीन सालों में क्लोज़िंग रैंक 9,909 स्थान आसान हुई है। पूरा इतिहास ऊपर दी गई साल-दर-साल रुझान तालिका में देखें।
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना में मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग का OBC-NCL कटऑफ़ क्या है?
2026 की JoSAA काउंसलिंग में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना के मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग की OBC-NCL क्लोज़िंग रैंक 17,742 (जेंडर-न्यूट्रल पूल) थी।
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना में मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग का SC कटऑफ़ क्या है?
2026 में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना के मटीरियल साइंस और इंजीनियरिंग की SC-श्रेणी क्लोज़िंग रैंक 6,702 (जेंडर-न्यूट्रल पूल) थी।